हरियाणा में फिर बदले जाएंगे बिजली के मीटर

0
251

चंडीगढ़, हरियाणा के बिजली वितरण निगमों द्वारा प्रदेश में 10 लाख स्मार्ट मीटर लगाने का कार्य एनर्जी एफिश्येंसीसर्विसिज लिमिटिड (ई.ई.एस.एल.) को सोंपा गया है। आज प्रदेश के दोनों बिजली वितरण निगमों (उत्तर हरियाणा बिजलीवितरण निगम एवं दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम) और (ई.ई.एस.एल.) द्वारा मैमोरेंडम ऑफ़ अंडरस्टैंडिंग (एम.ओ.यू.) पर हस्ताक्षर किए गए। प्रथम चरण में पानीपत, करनाल, पंचकूला, फरीदाबाद और गुरुग्राम जिले में स्मार्ट मीटर लगाए जाएंगे।
यह जानकारी देते हुए निगम के प्रवक्ता ने बताया कि मीटर रीडिंग और बिलिंग व्यवस्था को और बेहतर करने के लक्ष्य से पुराने मीटरों को बदलकर नए जी.पी.आर.एस. बेस्ड मीटर लगाए जाएंगे। मीटरों के जी.पी.आर.एस. द्वारा कंट्रोल रुम से जुडे होने से उपभोक्ताओं की समस्याओं के समाधान में तीव्रता आएगी और मीटर रीडिंग भी सीधे सिस्टम में डाउनलोड हो जाएगी, जिससे कि गलत बिल बनने की समस्या से भी उपभोक्ताओं को निजात मिलेगी।
प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू की गई उदय योजना के तहत वित्तीय सुधार व सिस्टम सुधारने के लिए मासिक खपत 200 यूनिट से अधिक वाले सभी उपभोक्ताओं के लिए स्मार्ट मीटर लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। वहीं एच.ई.आर.सी. द्वारा नेशनल टैरिफ़ पॉलिसी 2016 के अनुसार स्मार्ट मीटर लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
नए स्मार्ट मीटरों में प्रीपेड की सुविधा लेने की तकनीक भी उपलब्ध है जिससे कि उपभोक्ता अपनी खपत की सही जानकारी भी प्राप्त कर सकेंगे। वहीं, उपभोक्ता नए स्मार्ट मीटर में पीक लोड़ कंट्रोल की सुविधा का भी लाभ ले सकेंगे। स्मार्टमीटर लगने से बिलिंग में होने वाली त्रुटियां भी लगभग समाप्त हो जाएंगी पुराने सभी मीटर निगम के ख़र्च पर बदले जाएंगे, इसके लिए उपभोक्ता पर अतिरिक्त भार नहीं डाला जाएगा।
उन्होंने बताया कि 2015 में मौजूदा सरकार द्वारा शुरू की गई म्हारा गाँव-जगमग गाँव योजना ने बड़ी सफलता हासिल की है। योजना के तहत प्रदेश भर के 2,380 गांवों को शहरी तर्ज पर 24 घंटे बिजली उपलब्ध करवाई जा रही है। राज्य के पांच जिलों पंचकूला, अंबाला, गुरुग्राम, फरीदाबाद व सिरसा के संपूर्ण ग्रामीण क्षेत्र में शहरी तर्ज पर बिजली उपलब्ध है। निगम अपने उपभोक्ताओं को सुचारू एवं निर्बाध बिजली उपलब्ध करवाने के लिए वचनबद्ध है।

LEAVE A REPLY